कोचिंग वाली लड़की ने सिखाया चुदाई का पाठ-1

antarvasna हैल्लो दोस्तों, मेरा नाम राज है, मेरी उम्र 21 साल है, यह घटना 4 साल पहले की है, जब में 10वीं क्लास में पढ़ता था। मेरी दीदी की एक सहेली थी, जिसका नाम पारूल था, उसकी उम्र तब 26 साल थी। उसकी तब शादी नहीं हुई थी, वो थोड़ी साँवली थी, उसकी हाईट 5 फुट 9 इंच थी, वो थोड़ी मोटी थी, उसके बूब्स का साईज़ 48 C था और उसकी गांड देखते ही ज़ोर-ज़ोर से दबाने का मन करता था और उसकी चूत में लंड डालकर उसके रसीले होंठ चूसने का मन करता था। में उससे 7वीं क्लास से कोचिंग पढ़ता आ रहा था, कोचिंग के वक़्त वो ज़्यादातर घर में अकेली रहती थी क्योंकि उसकी छोटी बहन हॉस्टल में रहती थी, उसके पापा ऑफीस में होते थे और उसकी माँ की मौत उसकी बहन के जन्म पर हो गयी थी। उसने मुझे 9वीं क्लास तक रेग्युलर पढ़ाया था, लेकिन 10वीं क्लास में वो मुझे फर्स्ट और सेकंड टर्म तक नहीं पढ़ा पाई क्योंकि उसके भी एग्जॉम थे। फिर में थर्ड टर्म में फिर से उससे कोचिंग पढ़ने जाने लगा, तो अब वो मुझे फ्रेंड की तरह ट्रीट करती थी।

फिर एक दिन वो टेबल पर बैठकर मुझे पढ़ा रही थी, तो वो पढ़ते-पढ़ते आगे को झुक गयी और मुझे उसके सूट में से उसके बूब्स दिखने लगे। अब में उसके बूब्स की गोलाईयों को बड़े ध्यान से देख रहा था, अब मेरा लंड भी खड़ा होकर उसके बूब्स को सलामी देने लगा था। फिर अचानक से उसने मुझे देखा तो में बुक में देखने लगा, तो तभी उसने मुझसे पूछा कि देव तुम क्या देख रहे थे? तो मैंने कहा कि कुछ नहीं। तो उसने कहा कि झूठ मत बोलो में सब जानती हूँ और फिर उसने कहा कि जो तुम देख रहे थे उसका नाम भी जानते हो? तो मैंने धीरे से कहा कि बूब्स, तो यह सुनते ही उसकी आँखें फटी की फटी रह गयी।

फिर उसने मुझसे कहा कि मुझे नहीं पता था कि तुम इतनी गंदी भाषा का यूज़ करते हो। फिर उसने अपनी चूत की तरफ इशारा करके कहा कि फिर तो तुम्हें इसका नाम भी पता होगा? तो मैंने कहा कि हाँ चूत और इसका (मेरे लंड की तरफ इशारा करके)? तो मैंने कहा कि लंड। फिर उसने कहा कि अब पता चला की तुम्हारे फर्स्ट और सेकंड टर्म के एग्जॉम में साइन्स में मार्क्स कम क्यों आए थे? क्योंकि तुमने साइन्स की बुक खोलकर ही नहीं देखी अगर खोलकर देखी होती तो तुम इन तीनों का नाम बूब्स, चूत और लंड ना बताते। अब यह शब्द सुनते ही मेरा लंड और टाईट हो गया था, अब में पहले तो सोच में पढ़ गया था कि इन सबका साइन्स की बुक से क्या मतलब? फिर मुझे ध्यान आया की बुक में एक चेप्टर सेक्स के ऊपर भी है। तो उसने मुझसे कहा कि चलो साइन्स की बुक में रिप्रोडक्षन चेप्टर निकालो और फिर वो मुझे वो चेप्टर पढ़ाने लगी।

मैंने पढ़ते-पढ़ते एक वर्ड की और इशारा करते हुए पूछा कि इसका क्या मतलब है? तो उसने कहा कि जिसे तुम चूत कहते हो, उसे साइन्स में वेजाइना कहते है। फिर उसने एक डायग्राम की और इशारा करते हुए कहा कि देखो ऐसी होती है चूत। तो मैंने उससे कहा कि अब आप क्यों बार-बार यह शब्द (चूत) बोल रही हो? तो उसने कहा कि ताकि जिससे तुम्हें जल्दी समझ में आ जाए। तो मैंने पारूल से कहा कि मुझे इस फोटो में कुछ समझ में नहीं आ रहा है। तो उसने गुस्से से कहा कि तुम क्या चाहते हो कि में तुम्हें प्रेक्टिकली अपनी चूत दिखाऊँ? तो में चुप हो गया। फिर वो थोड़ा सोचकर बोली कि ठीक है में तुम्हें अपनी चूत दिखा दूँगी, लेकिन मेरी एक शर्त होगी। तो अब यह सुनते ही मेरे मन में खुशी के लड्डू फूटने लगे तो फिर मैंने पूछा कि कैसी शर्त? तो उसने कहा कि में तुम्हें अपनी चूत दिखाऊँगी अगर तुमने किसी को बता दिया तो इसलिए तुम्हें भी अपना मुझे लंड दिखाना पड़ेगा। तो यह सुनते ही मैंने मन में कहा कि हाँ क्यों नहीं, कभी बिन बदल के बारिश हुई है आज तो यह ज़रूर मुझसे चुदेगी।

फिर मैंने उससे कहा कि मुझे शर्म आएगी, तो उसने कहा कि कोई शर्म की बात नहीं है हम साइन्स का प्रेक्टिकल ही तो कर रहे है, अच्छा अगर तुम्हें शर्म आ रही है तो में तुम्हारी पेंट उतार देती हूँ, तो में अंजान बना खड़ा रहा। फिर वो मेरी पेंट उतारने लगी और मेरी पेंट उतरते ही उसने मेरी अंडरवेयर के ऊपर से जब मेरा खड़ा लंड देखा तो बोली कि अरे यह एसिड की बोतल खड़ी कैसे हो गयी? तो मैंने कहा कि पता नहीं। तो उसने कहा कि चलो अभी देखते है और फिर एक ही झटके में मेरा अंडरवेयर भी उतार दिया और मेरा अंडरवेयर उतरते ही मेरा लंड उसे दिखने लगा। फिर उसने कहा कि अब पता चला और उसे गौर से देखने लगी और फिर उसने कहा कि अब पता चला कि तुम्हारी एसिड की बोतल (लंड) क्यों खड़ी है? क्योंकि यह भर चुकी है, फैक्टरी में काम चल रहा है। तो मैंने पूछा कि यह फैक्टरी कहाँ है? तो उसने मेरे अंडों पर अपना हाथ रखकर कहा कि यह है फैक्टरी जहाँ एसिड यानी वीर्य बनता है।

फिर उसने मेरा लंड अपने हाथ में ले लिया, तो उसके हाथ में लेते ही मुझको करंट सा लगा तो मैंने मन में कहा कि अगर हाथ में लेने से इतना करंट है तो चूत में तो पूरा ट्रान्सफॉर्मर लगा हुआ होगा। तो वो बोली कि पहले इस फैक्टरी में एसिड बनता है और फिर इस बोतल में आता है और फिर इस बोतल से निकलकर टेस्ट ट्यूब में जाता है और फिर 9 महीने तक एक्सपेरिमेंट चलता है और फिर रिज़ल्ट आता है। तो फिर मैंने पूछा कि अब ये टेस्ट ट्यूब कहाँ है? तो उसने कहा कि तुमने अभी तक टेस्ट ट्यूब देखी नहीं है, जब देखोगे तो पता चल जाएगा। फिर वो अपना सूट उतारने लगी, अब उसके बूब्स उसकी ब्रा से बाहर आने के लिए लड़ रहे थे। फिर उसने अपनी पेंटी भी उतार दी, तो मैंने उससे पूछा कि टेस्ट ट्यूब कहाँ है? तो उसने कहा कि ऐसे नहीं दिखेगी में टेबल पर लेटती हूँ फिर दिखेगी, तो फिर वो टेबल पर लेट गयी। फिर मैंने जब उसकी चूत देखी तो में देखता ही रह गया, अब उसकी चूत में से निकलते पानी को देखकर ऐसा लग रहा था कि जैसे उसकी चूत लंड अंदर लेने के लिए अपनी लार टपका रही हो। फिर मैंने एकदम से उसकी चूत पर अपना हाथ रख दिया, तो उसकी सिसकारी निकल पड़ी और कहा कि अच्छा तो यह है टेस्ट ट्यूब। तो उसने कहा कि हाँ, अच्छा अब तो तुम्हें चूत का डायग्राम समझ में आ गया ना? तो मैंने कहा कि हाँ 1 मिनट ज़रा अच्छी तरह से देख लूँ। फिर में उसकी चूत की दरार पर अपनी एक उंगली फैरने लगा, तो वो सिसकारी भरने लगी। फिर उसके बाद मैंने टेबल की साईड पर आकर पूछा कि बूब्स को क्या कहते है? तो उसने बड़े सेक्सी अंदाज़ में कहा कि ब्रेस्ट या बूब्स कहते है अगर तुम इनको देखना चाहते हो तो देख सकते हो। तो फिर मैंने उसकी ब्रा खोल दी और उसकी ब्रा के हटते ही ऐसा लगा जैसे उसके बूब्स मुझे थैंक्स कह रहे हो। फिर मैंने उससे अंजान बनकर पूछा कि यह किस काम आते है? तो उसने कहा कि यह फैक्टरी 9 महीने के बाद रिज़ल्ट आने पर चलती है और में बातों-बातों में उसके बूब्स दबाने लगा, तो वो कराहने लगी सस्स्स्स हाईईईई, आआहह, म्‍म्म्मम अहह सस्स्स्स्स्सस्स।

Updated: December 3, 2018 — 1:09 am
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